चारधाम शीतकालीन यात्रा, नए साल के साथ श्रद्धालुओं की संख्या में खासा इजाफा, 27 हजार पार हुआ आंकड़ा

देहरादून: लाखों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ी उत्तराखंड चारधाम यात्रा के समापन के बाद उत्तराखंड शीतकालीन यात्रा में भी श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. नए साल के आगाज से ही श्रद्धालुओं की संख्या में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई है. आंकड़ों के मुताबिक, यात्रा की शुरुआत 24 अक्टूबर 2025 से 15 जनवरी 2026 तक 27 हजार से अधिक श्रद्धालु खरसाली, मुखबा, ऊखीमठ और पांडुकेश्वर/नरसिंह मंदिर में यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बदरीनाथ भगवान के दर्शन कर चुके हैं. उत्तराखंड चारधाम यात्रा के समापन के बाद 24 अक्टूबर से उत्तराखंड शीतकालीन यात्रा की शुरुआत हुई. इस यात्रा के जरिए चारधाम यात्रा न कर पाने वाले श्रद्धालु चारधाम भगवान के प्रवास स्थल/गद्दीस्थलों पर उनके दर्शन करते हैं. शीतकाल के दौरान मां यमुनोत्री का प्रवास स्थल उत्तरकाशी के खरसाली में होता है. जहां 24 अक्टूबर से 15 जनवरी तक खरसाली में 1017, मां गंगोत्री के प्रवास स्थल उत्तरकाशी के मुखबा में 3298, बाबा केदार के शीतकालीन गद्दीस्थल रुद्रप्रयाग के ऊखीमठ में 16950 और भगवान बदरीविशाल के शीतकालीन गद्दीस्थल चमोली के पांडुकेश्वर व नरसिंह मंदिर में 6407 श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं. कुल मिलाकर 27 हजार 672 श्रद्धालु अभी तक शीतकालीन यात्रा कर चुके हैं.

CHAR DHAM WINTER YATRA

चारधाम शीतकालीन यात्रा (PHOTO- उत्तराखंड चारधाम यात्रा मैनेजमेंट कार्यालय)

हालांकि, इस साल के आगाज से ही देखा जा रहा है कि यात्रियों की संख्या में खासा इजाफा हुआ है. इस बात की तस्दीक भी आंकड़ें कर रहे हैं. उत्तराखंड चारधाम यात्रा मैनेजमेंट कार्यालय से मिले आंकड़ों को मुताबिक, 24 अक्टूबर 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक यानी 69 दिनों में खरशाली में 836 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए. जबकि 2026 में केवल 15 दिनों के भीतर 181 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए.

इसी तरह मां गंगोत्री के प्रवास स्थल मुखबा में पिछले साल कुल 2401 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए. जबकि इस साल केवल 15 दिनों के भीतर 897 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए. इसी क्रम में ऊखीमठ में भगवान केदारनाथ धाम के 69 दिनों के भीतर 12 हजार 430 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए. जबकि नए साल के शुरुआती 15 दिनों के भीतर 4520 श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं. उधर, भगवान बदरीविशाल के दर्शन के लिए पांडुकेश्वर और नरसिंह मंदिर में पिछले साल 36 दिनों के भीतर 4061 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए थे. जबकि नए साल के शुरुआती 15 दिनों के भीतर केवल 2391 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए.

गौर है कि उत्तराखंड चारधाम यात्रा का समापन 25 नवंबर 2025 को हुआ था. 23 अक्टूबर को गंगोत्री, यमुनोत्री और केदारनाथ धाम के कपाट बंद हुए थे. जबकि 25 नवंबर को बदरीविशाल धाम के कपाट बंद हुए थे. इस बीच कुल 51 लाख 4 हजार 975 श्रद्धालुओं ने चारधाम यात्रा की.